भारतीय महिलाएं क्यों पहनती हैं चूड़ियां !
https://husainijnp.blogspot.com/2015/09/blog-post_388.html
नई दिल्ली। हमारे देश में महिलाएं को चूड़ियों से खास लगाव होता है। महिलाओं की खूबसूरती में चार चांद लगाती हैं चूड़ियां, लेकिन क्या आप जानते हैं चूड़ियों को लेकर हमारे देश में धार्मिक मान्यता भी है। हम आपको बता रहे हैं कि क्यों हमारे देश में सुहागिनों के लिए चूड़ियां पहनना क्यों अनिवार्य माना जाता है।
1- चूड़ियां सुहाग की निशानी मानी जाती है, धार्मिक मान्यता के मुताबिक कांच की चूड़ियां पहनने से पति की आयु लंबी होती है।
2-नवविवाहित स्त्री को चूड़ियां इसलिए पहनाई जाती हैं, ताकि उनकी आने वाली जिंदगी प्यार और स्नेह से भरी रहे।
3-भारत के अलग-अलग राज्यों की अलग-अलग परंपरा है। दक्षिण भारत में सोने की चूड़ियों को खास महत्व दिया जाता है।
4-बंगाली शादियों में, दुल्हन को सीपों से बनी मूंगिया रंग की चूड़ियां पहनाई जाती हैं।
5-पंजाबी दुल्हनों को हाथी के दांतों से बना लाल रंग का चूड़ा पहनाया जाता है। यह चूड़ा लड़की का मामा लाता है। विवाह के बाद इस चूड़ को कम से कम 40 दिनों तक पहनना अनिवार्य है ।
1- चूड़ियां सुहाग की निशानी मानी जाती है, धार्मिक मान्यता के मुताबिक कांच की चूड़ियां पहनने से पति की आयु लंबी होती है।
2-नवविवाहित स्त्री को चूड़ियां इसलिए पहनाई जाती हैं, ताकि उनकी आने वाली जिंदगी प्यार और स्नेह से भरी रहे।
3-भारत के अलग-अलग राज्यों की अलग-अलग परंपरा है। दक्षिण भारत में सोने की चूड़ियों को खास महत्व दिया जाता है।
4-बंगाली शादियों में, दुल्हन को सीपों से बनी मूंगिया रंग की चूड़ियां पहनाई जाती हैं।
5-पंजाबी दुल्हनों को हाथी के दांतों से बना लाल रंग का चूड़ा पहनाया जाता है। यह चूड़ा लड़की का मामा लाता है। विवाह के बाद इस चूड़ को कम से कम 40 दिनों तक पहनना अनिवार्य है ।

