पत्नी के न आने पर पति ने लगायी फांसी
https://husainijnp.blogspot.com/2016/05/blog-post_470.html
बाराबंकी। मायके में रह रही पत्नी ने जब पति के साथ ससुराल जाने से
इन्कार किया तो बेचारा पति गमों के सागर में डूब गया। जब बर्दाश्त न हुआ
तो आखिरकार उसने देर रात अपने घर की कोठरी में छत के कुंडे से फंदे पर
लटककर आत्महत्या कर ली। पुलिस ने लाश को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के
लिए भेज दिया है। मिली जानकारी के मुताबिक थाना मोहम्मदपुरखाला अन्तर्गत
22 वर्षीय मुकेश की चार वर्ष पहले ग्राम कलुवा थाना रामपुर जिला सीतापुर
निवासिनी भाग्यवती से शादी हुई थी। कुछ दिन तो सब ठीक ठाक रहा लेकिन बाद
में पति पत्नी के सम्बन्ध में बिगड़ने लगे इसी बीच पत्नी अपने मायके चली
गयी। पति को पत्नी के बिना जग सूना लगने लगा। वह उसे लाने के लिए अपनी
ससुराल जा पहुंचा लेकिन फिर भी निष्ठुर पत्नी पति के साथ आने से इन्कार
कर दिया। बेचारा मुकेश पुत्र नौमीलाल देर रात लगभग 9 बजे अपने घर
कुतलूपुर थाना मोहम्मदपुरखाला पहुंच गया। उसके पिता नौमीलाल ने बताया कि
घर लौटने के बाद मुकेश सिंह किसी से कोई बातचीत नहीं की और घर के पिछवाड़े
मिली कोठरी में चला गया जब सुबह न उठा तो पता किया गया तो यह देखकर आंखे
फटी रह गयी कि मुकेश ने कुठरी की छत पर लगे कुंढे से साड़ी का फंदा लगा
आत्महत्या कर ली। सूचना पर पहुंची पुलिस ने लाश का पंचनामा भरकर
पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। खास बात यह थी कि मुकेश की मौत की सूचना
के बाद ही उसकी ससुराल से कोई उसके घर नहीं पहुंचा। जबकि उसका पूरा
परिवार आंसुओं में डूब गया।
मोबाईल टावर कर्मी की करंट के चपेट में आने से मौत
मसौली बाराबंकी। मध्य रात्रि हाई वोल्टज विद्युत लाईन ठीक कर रहे एक
मोबाईल टावर कर्मी करन्ट की चपेट में आकर मौत का शिकार हो गया। ये हादसा
थाना जहांगीराबाद के सदरुददीनपुर गांव के पास का है। इसी थाने ग्राम
भयारा मजरे कटरा निवासी रंजीत यादव (32) सदरुददीनपुर गांव में लगे एयरटेल
कम्पनी के टावर में बतौर सुरक्षा कर्मी के पद पर काम करता था। रात को
आंधी पानी के बाद बिजली खराब हो गयी। मृतक ने चन्दौली स्थित केन्द्र पर
फोन करके सड डाउन लिया और अपने एक साथी के साथ गांव के बाहर खेत में लगे
विद्युत पोल पर रात 12 बजे के करीब चढ़ कर टूटे फयूज को बांधने की जैसे ही
कोशिश की। बिजली खम्भे से नीचे आ गिरा। युवक बुरी तरह झुलस कर मोैकेे पर
ही मौत की आगोश में चला गया। साथी भी मौके भाग खड़ा हुआ। इसकी खबर पाकर
देर रात्रि परिजन शव को घर लाये। बताते है बिजली विभाग को अक्सर सूचना
देकर मृतक खराब लाईन ठीक कर लेता था। इस बार उसके साथ धोखा किया गया। इसी
वजह से उसकी बे वक्त मौत हो गयी। बेसहारा हो गये मासूम मृतक के तीन छोटे
बच्चे अरुण 6 वर्ष, हर्षित 4 वर्ष व अभय 9 माह का है मृतक का पिता
चन्द्रिका यादव 65 जो विकलांग है के कमजोर कंधो पर बड़ी मुसीबत आकर बैठ
गयी है। दो साल पूर्व 30 साल का बेटा धर्म कुमार पीलिया के डसने से मौत
के मुंह में समा गया इसके 4 बच्चे है। बूढ़ी बीमार मां सुशीला बेटे की मौत
से बदहवास है। तो बच्चो की मां अनीता दीवाल में सर पटक पटक कर किस्मत को
कोस रही है। पीड़ित परिजनो की दयनीय हालत देख कर पूरा गांव रो रहा है।

