हवाई जहाज से सफर करने वाले लोगों के लिए बड़ी खुशखबरी
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हवाई जहाज से सफर करने वाले लोगों के लिए बड़ी खुशखबरी। बहुत जल्द एक और एयरपोर्ट से फ्लाइट्स उड़ानें भरेंगी। इसके लिए मंजूरी भी मिल गई है। आदमपुर सिविल एयरपोर्ट से विमान में उड़ान भरने का सपना अब पूरा हो जाएगा। एयरपोर्ट अथॉरिटी आफ इंडिया (एओआई) के बोर्ड ने सिविल एयरपोर्ट के लिए मंजूरी प्रदान कर दी है। यह जानकारी केंद्रीय राज्यमंत्री और पंजाब भाजपा के अध्यक्ष विजय सांपला ने दी।
पंजाब भवन में सोमवार को प्रेसवार्ता के दौरान सांपला ने कहा कि अब पंजाब सरकार आदमपुर में 80 एकड़ जमीन का अधिग्रहण कर उसे एओआई को सौंपेगी। उन्होंने कहा कि टर्मिनल के निर्माण पर 62 करोड़ की अनुमानित लागत आएगी। इसमें से एओआई और राज्य सरकार का 50-50 फीसदी हिस्सा होगा। प्रदेश भाजपा अध्यक्ष ने कहा कि पिछले दिनों केंद्रीय वित्त मंत्री अरुण जेटली से उनकी बैठक हुई थी।
इसमें उनके आग्रह पर केंद्र सरकार निर्माण खर्च का 50 फीसदी (राज्य सरकार का हिस्सा) देने को तैयार हो गई। यानी अब एयरपोर्ट निर्माण पर सिर्फ भूमि अधिग्रहण का काम बच गया है। इससे पहले पंजाब के पठानकोट, बठिंडा, साहनेवाल जैसे अन्य स्थानों पर एयरपोर्ट की स्थापना की कवायद सफल न होने के बाद अब आदमपुर एयरपोर्ट को लेकर भी तमाम कयास लगाए जा रहे थे। सांपला ने कहा कि वायुसेना और रक्षा मंत्रालय से अनुमति मिलने के बाद एओआई ने पहले टेक इकोनॉमिक विजिबीलिटी सर्वे करवाया।
सर्वे की रिपोर्ट आने के बाद अथॉरिटी ने पाया कि आदमपुर से सिविल एयरपोर्ट आरंभ करने में कोई नुकसान नहीं है। तब बोर्ड ने इस पर अंतिम मुहर लगाई है। इस क्षेत्र में बड़ी संख्या में एनआरआई, उद्यमी व व्यापारी और छात्र है, जो विमान सेवा चाहते हैं। औद्योगिक शहर जालंधर और फूलों व सब्जियों के लिए मशहूर होशियारपुर के व्यापारियों को विमान से माल भेजने में काफी सुविधा होगी।
पंजाब भवन में सोमवार को प्रेसवार्ता के दौरान सांपला ने कहा कि अब पंजाब सरकार आदमपुर में 80 एकड़ जमीन का अधिग्रहण कर उसे एओआई को सौंपेगी। उन्होंने कहा कि टर्मिनल के निर्माण पर 62 करोड़ की अनुमानित लागत आएगी। इसमें से एओआई और राज्य सरकार का 50-50 फीसदी हिस्सा होगा। प्रदेश भाजपा अध्यक्ष ने कहा कि पिछले दिनों केंद्रीय वित्त मंत्री अरुण जेटली से उनकी बैठक हुई थी।
इसमें उनके आग्रह पर केंद्र सरकार निर्माण खर्च का 50 फीसदी (राज्य सरकार का हिस्सा) देने को तैयार हो गई। यानी अब एयरपोर्ट निर्माण पर सिर्फ भूमि अधिग्रहण का काम बच गया है। इससे पहले पंजाब के पठानकोट, बठिंडा, साहनेवाल जैसे अन्य स्थानों पर एयरपोर्ट की स्थापना की कवायद सफल न होने के बाद अब आदमपुर एयरपोर्ट को लेकर भी तमाम कयास लगाए जा रहे थे। सांपला ने कहा कि वायुसेना और रक्षा मंत्रालय से अनुमति मिलने के बाद एओआई ने पहले टेक इकोनॉमिक विजिबीलिटी सर्वे करवाया।
सर्वे की रिपोर्ट आने के बाद अथॉरिटी ने पाया कि आदमपुर से सिविल एयरपोर्ट आरंभ करने में कोई नुकसान नहीं है। तब बोर्ड ने इस पर अंतिम मुहर लगाई है। इस क्षेत्र में बड़ी संख्या में एनआरआई, उद्यमी व व्यापारी और छात्र है, जो विमान सेवा चाहते हैं। औद्योगिक शहर जालंधर और फूलों व सब्जियों के लिए मशहूर होशियारपुर के व्यापारियों को विमान से माल भेजने में काफी सुविधा होगी।

