छः दिवसीय नेतृत्व विकास प्रशिक्षण का उद्घाटन
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अजमी रिज़वी
बाराबंकी। स्वैच्छिक संस्था महिला उत्थान संस्थान के तत्वाधान में एंव अल्पसंख्यक कार्य मंत्रालय भारत सरकार के सहयोग से अल्पसंख्यक महिलाओं हेतु छः दिवसीय नेतृत्व विकास प्रशिक्षण कार्यक्रम नई रोशनी का उद्घाटन जिला प्रोबेशन अधिकारी सर्वेश कुमार पाण्डेय द्वारा अहमदनगर बाराबंकी में किया गया। गोष्ठी को सम्बोधित करते हुए श्री पाण्डेय ने कहा कि आज के युग में महिलाआंे का जीवन स्तर पुरूषो की अपेक्षा अधिक संतोषजनक नही है, जिसमें विशेषकर अल्पसंख्यक समाज की महिलाओ का जीवन स्तर अत्यधिक चिंतनीय है जिसका प्रमुख कारण उनमे अशिक्षा एंव जागरूकता का अभाव है, श्री पाण्डेय ने घरेलू हिंसा कार्यक्रम, महिला अधिकारो की जानकारी एंव शासन द्वारा संचालित योजनाओ के बारे में विस्तृत जानकारी दी। गोष्ठी को सम्बोधित करते हुए संस्था अध्यक्ष मो0 हारून सिद्दीकी ने कहा कि भारत सरकार की इस नई रोशनी स्कीम के माध्यम से महिलायें जागरूक होकर शैक्षिक सशक्तिकरण कानूनी अधिकारो, स्वच्छ भारत, जन धन योजना, आधार कार्ड, जीवन कौशल, डिजिटल साक्षरता के माध्यम से अपना जीनव स्तर ऊचा कर सकती है। गोष्ठी में समाजसेवी आरएन वर्मा, नूमी रिजवी, गुड़िया सिद्दीकी सुनीता वर्मा, डा. आफाक उस्मानी एडवोकेट कुरैशा खातून खुर्शीदा बेगम रफत फातिमा आदि ने अपने विचार रखे।
बाराबंकी। स्वैच्छिक संस्था महिला उत्थान संस्थान के तत्वाधान में एंव अल्पसंख्यक कार्य मंत्रालय भारत सरकार के सहयोग से अल्पसंख्यक महिलाओं हेतु छः दिवसीय नेतृत्व विकास प्रशिक्षण कार्यक्रम नई रोशनी का उद्घाटन जिला प्रोबेशन अधिकारी सर्वेश कुमार पाण्डेय द्वारा अहमदनगर बाराबंकी में किया गया। गोष्ठी को सम्बोधित करते हुए श्री पाण्डेय ने कहा कि आज के युग में महिलाआंे का जीवन स्तर पुरूषो की अपेक्षा अधिक संतोषजनक नही है, जिसमें विशेषकर अल्पसंख्यक समाज की महिलाओ का जीवन स्तर अत्यधिक चिंतनीय है जिसका प्रमुख कारण उनमे अशिक्षा एंव जागरूकता का अभाव है, श्री पाण्डेय ने घरेलू हिंसा कार्यक्रम, महिला अधिकारो की जानकारी एंव शासन द्वारा संचालित योजनाओ के बारे में विस्तृत जानकारी दी। गोष्ठी को सम्बोधित करते हुए संस्था अध्यक्ष मो0 हारून सिद्दीकी ने कहा कि भारत सरकार की इस नई रोशनी स्कीम के माध्यम से महिलायें जागरूक होकर शैक्षिक सशक्तिकरण कानूनी अधिकारो, स्वच्छ भारत, जन धन योजना, आधार कार्ड, जीवन कौशल, डिजिटल साक्षरता के माध्यम से अपना जीनव स्तर ऊचा कर सकती है। गोष्ठी में समाजसेवी आरएन वर्मा, नूमी रिजवी, गुड़िया सिद्दीकी सुनीता वर्मा, डा. आफाक उस्मानी एडवोकेट कुरैशा खातून खुर्शीदा बेगम रफत फातिमा आदि ने अपने विचार रखे।

