आखिर तंजील हत्याकांड का खुलासा क्यों नहीं कर रही यूपी पुलिस?
https://husainijnp.blogspot.com/2016/04/blog-post_276.html
हत्याकांड में यूपी पुलिस के साथ एनआईए की टीम कर रही है काम
मुनीर की गिरफ्तारी पर 50 हजार इनाम घोषित करने की तैयारी
खुलासे से पहले सारे सबूत चाहते हैं एनआईए के अफसर
एनआईए के डीएसपी तंजील हत्याकांड के खुलासे के लिए बिजनौर पहुंचे पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) जावीद अहमद हत्याकांड में खुलासा किए बिना लौट गए। डीजीपी हत्याकांड का खुलासा करने के लिए ही शुक्रवार को बिजनौर पहुंचे थे और प्रेस कांफ्रेस में इस हत्याकांड का खुलासा करने वाले थे। स्थानीय लोगों ने जल्दबाजी के खुलासे का विरोध किया था और किसी भी खुलासे से पहले साक्ष्यों की बात कही थी।
वापसी से पूर्व डीजीपी ने पत्रकारों से बात करते हुए कहा कि तंजील हत्याकांड का अभी तक खुलासा नहीं किया गया है। उन्होंने कहा कि विवेचना चल रही है। हत्याकांड के खुलासे के लिए कोई समयसीमा भी तय नहीं की जा सकती। दो दिन पहले एडीजी लॉ एंड आर्डर दलजीत चौधरी ने दावा किया था कि पुलिस को मजबूत साक्ष्य मिल चुके हैं और एक दो दिन में हत्याकांड का खुलासा कर दिया जाएगा।
माना जा रहा है कि मुख्य हत्यारोपी मुनीर का हाथ नहीं आना भी खुलासा न करने का कारण बना। अब मुनीर की गिरफ्तारी के लिए इनाम की रकम पांच हजार से बढ़ाकर 50 हजार की जा रही है। डीजीपी मुख्यालय में इसका प्रस्ताव भी तैयार कर लिया गया है। डीजीपी जावीद अहमद ने कहा कि तंजील अहमद के मर्डर की तह तक जाने के लिए यूपी पुलिस के साथ एटीएस, एसटीएफ तथा एनआईए की टीम लगी हुई है। इस मामले में अभी तक किसी की गिरफ्तारी भी नहीं की गई है।
उन्होंने कहा कि करीब एक सौ लोगों से पूछताछ की जा चुकी है। हत्याकांड के हर पहलू की जांच की जा रही है। पुलिस की कई टीम दिल्ली, मुरादाबाद, अलीगढ़ समेत कई जिलों में काम कर रही है। कुछ ऐसे लोग जरूर मिले हैं, जो मर्डर की पूरी सूचना रखते हैं। एनआईए के साथ पुलिस पूरी तालमेल के साथ काम कर रही है। उन्होंने उम्मीद जताई की जल्द ही केस का खुलासा होगा। जल्दबाजी में कोई ऐसा काम नहीं किया जाएगा, जिससे मर्डर की सच्चाई सामने न आ पाए।
मुनीर की गिरफ्तारी पर 50 हजार इनाम घोषित करने की तैयारी
खुलासे से पहले सारे सबूत चाहते हैं एनआईए के अफसर
एनआईए के डीएसपी तंजील हत्याकांड के खुलासे के लिए बिजनौर पहुंचे पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) जावीद अहमद हत्याकांड में खुलासा किए बिना लौट गए। डीजीपी हत्याकांड का खुलासा करने के लिए ही शुक्रवार को बिजनौर पहुंचे थे और प्रेस कांफ्रेस में इस हत्याकांड का खुलासा करने वाले थे। स्थानीय लोगों ने जल्दबाजी के खुलासे का विरोध किया था और किसी भी खुलासे से पहले साक्ष्यों की बात कही थी।
वापसी से पूर्व डीजीपी ने पत्रकारों से बात करते हुए कहा कि तंजील हत्याकांड का अभी तक खुलासा नहीं किया गया है। उन्होंने कहा कि विवेचना चल रही है। हत्याकांड के खुलासे के लिए कोई समयसीमा भी तय नहीं की जा सकती। दो दिन पहले एडीजी लॉ एंड आर्डर दलजीत चौधरी ने दावा किया था कि पुलिस को मजबूत साक्ष्य मिल चुके हैं और एक दो दिन में हत्याकांड का खुलासा कर दिया जाएगा।
माना जा रहा है कि मुख्य हत्यारोपी मुनीर का हाथ नहीं आना भी खुलासा न करने का कारण बना। अब मुनीर की गिरफ्तारी के लिए इनाम की रकम पांच हजार से बढ़ाकर 50 हजार की जा रही है। डीजीपी मुख्यालय में इसका प्रस्ताव भी तैयार कर लिया गया है। डीजीपी जावीद अहमद ने कहा कि तंजील अहमद के मर्डर की तह तक जाने के लिए यूपी पुलिस के साथ एटीएस, एसटीएफ तथा एनआईए की टीम लगी हुई है। इस मामले में अभी तक किसी की गिरफ्तारी भी नहीं की गई है।
उन्होंने कहा कि करीब एक सौ लोगों से पूछताछ की जा चुकी है। हत्याकांड के हर पहलू की जांच की जा रही है। पुलिस की कई टीम दिल्ली, मुरादाबाद, अलीगढ़ समेत कई जिलों में काम कर रही है। कुछ ऐसे लोग जरूर मिले हैं, जो मर्डर की पूरी सूचना रखते हैं। एनआईए के साथ पुलिस पूरी तालमेल के साथ काम कर रही है। उन्होंने उम्मीद जताई की जल्द ही केस का खुलासा होगा। जल्दबाजी में कोई ऐसा काम नहीं किया जाएगा, जिससे मर्डर की सच्चाई सामने न आ पाए।

