स्कूल की रसोई में लगी आग, बाल-बाल बचे नौनिहाल
https://husainijnp.blogspot.com/2016/04/blog-post_465.html
अजमी रिज़वी
बाराबंकी। विकास खण्ड बंकी के ग्राम दरामनगर स्थित प्राथमिक विद्यालय के
रसोईं घर में रखे गैस सिलेण्डर में लीकेज के चलते आग लग गयी। हालांकि
प्रधानाध्यापिका द्वारा सूझबूझ एवं त्वरित निर्णय का का परिचय देते हुए
सबसे पहले उपस्थित नौनिहालों को विद्यालय के बाहर कर दिया गया। प्राप्त जानकारी के अनुसार ग्राम दरामनगर प्राथमिक विद्यालय में सुबह
करीब 9 बजे बच्चों के लिये मिड-डे-मील बनाया जा रहा था। तभी सिलेण्डर और
रेगुलेटर से चूल्हे तक जाने वाले पाइप के बीच कहीं से गैस लीकेज के कारण
आग लग गयी। रसोईयां द्वारा तुरंत आग बुझाने का प्रयास किये जाने लगे। इसी
बीच प्रधानाध्यापिका संगीता देवी अपनी सूझबूझ और त्वरित निर्णय के चलते
सबसे पहले बच्चों को विद्यालय के बाहर निकाला। फिर फोन द्वारा
उच्चाधिकारियों को सूचना दी। इसी बीच ग्रामीणों एवं विद्यालय से कुछ मीटर
की दूरी पर स्थित बाराबंकी गैस एजेंसी गोदाम के कर्मचारियों द्वारा
अग्निशमन यंत्र से आग बुझायी जाने लगी। सभी के प्रयास सार्थक हुए।
प्रधानाध्यापिका की तत्परता एवं मजबूत निर्णय शक्ति के चलते एक बहुत बड़ा
हादसा होने से बच गया। स्थानीय लोगों के अनुसार, प्रधानाध्यापिका ने सबसे
पहले बच्चों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए उन्हे बाहर निकाला।
सूत्रों की माने तो गैस रेगुलेटर एवं पाइप घटिया क्वालिटी का इस्तेमाल
किया जा रहा था। जिसके कारण यह घटना घटी। प्रधानाध्यापिका संगीता देवी ने
बताया कि एक जुलाई 2015 को उन्होने विद्यालय का चार्ज संभाला है। इस बाबत
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी प्रताप नारायण सिंह ने बताया कि आग लगने की
जानकारी प्राप्त हुई है। कोई भी हताहत नही हुआ है। घटना के कारणों की
जांच की जायेगी।
बाराबंकी। विकास खण्ड बंकी के ग्राम दरामनगर स्थित प्राथमिक विद्यालय के
रसोईं घर में रखे गैस सिलेण्डर में लीकेज के चलते आग लग गयी। हालांकि
प्रधानाध्यापिका द्वारा सूझबूझ एवं त्वरित निर्णय का का परिचय देते हुए
सबसे पहले उपस्थित नौनिहालों को विद्यालय के बाहर कर दिया गया। प्राप्त जानकारी के अनुसार ग्राम दरामनगर प्राथमिक विद्यालय में सुबह
करीब 9 बजे बच्चों के लिये मिड-डे-मील बनाया जा रहा था। तभी सिलेण्डर और
रेगुलेटर से चूल्हे तक जाने वाले पाइप के बीच कहीं से गैस लीकेज के कारण
आग लग गयी। रसोईयां द्वारा तुरंत आग बुझाने का प्रयास किये जाने लगे। इसी
बीच प्रधानाध्यापिका संगीता देवी अपनी सूझबूझ और त्वरित निर्णय के चलते
सबसे पहले बच्चों को विद्यालय के बाहर निकाला। फिर फोन द्वारा
उच्चाधिकारियों को सूचना दी। इसी बीच ग्रामीणों एवं विद्यालय से कुछ मीटर
की दूरी पर स्थित बाराबंकी गैस एजेंसी गोदाम के कर्मचारियों द्वारा
अग्निशमन यंत्र से आग बुझायी जाने लगी। सभी के प्रयास सार्थक हुए।
प्रधानाध्यापिका की तत्परता एवं मजबूत निर्णय शक्ति के चलते एक बहुत बड़ा
हादसा होने से बच गया। स्थानीय लोगों के अनुसार, प्रधानाध्यापिका ने सबसे
पहले बच्चों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए उन्हे बाहर निकाला।
सूत्रों की माने तो गैस रेगुलेटर एवं पाइप घटिया क्वालिटी का इस्तेमाल
किया जा रहा था। जिसके कारण यह घटना घटी। प्रधानाध्यापिका संगीता देवी ने
बताया कि एक जुलाई 2015 को उन्होने विद्यालय का चार्ज संभाला है। इस बाबत
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी प्रताप नारायण सिंह ने बताया कि आग लगने की
जानकारी प्राप्त हुई है। कोई भी हताहत नही हुआ है। घटना के कारणों की
जांच की जायेगी।

