आत्महत्या करने के लिये कलेक्टेªट के विशाल पेड़ पर चढ़ा पीड़ित
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जौनपुर। कलेक्टेªट परिसर में जिलाधिकारी कार्यालय के सामने शुक्रवार को उस समय हड़कम्प मच गया जब ग्राम प्रधान द्वारा गांव के विकास में की जा रही धांधली व अपना रास्ता अवरुद्ध किये जाने के विरोध में पिछले 5 दिनों से कलेक्ट्रेट परिसर में धरने पर बैठा व्यक्ति अधिकारियों द्वारा कोई सुनवाई न करने से नाराज होकर जान देने की नियत से जिलाधिकारी न्यायालय के सामने स्थित एक विशाल नीम के पेड़ पर चढ़ गया। इसकी जानकारी होते ही जिला व पुलिस प्रशासन का हाथ पांव फूल गया। हालांकि मौके पर पहुंचेर अपर जिलाधिकारी उमाकांत त्रिपाठी व अपर आरक्षी अधीक्षक नगर रामजी सिंह यादव ने किसी तरह आश्वासन देकर उसे मना लिया। पंवारा थाना क्षेत्र मुड़ाव गांव निवासी भानु प्रताप सिंह का आरोप है कि उसका गांव लोहिया गांव में चयनित है। ग्राम प्रधान सारी योजनाओं का लाभ अपने करीबियों को दे रहा है। ग्रामसभा के तालाब पर गांव के दबंग लोग कब्जा कर रहे हैं। द्वारा विरोध करने पर मेरा रास्ता अवरोध करके उस पर कटीले पेड़ लगा दिये गये। साथ ही मेरी नाली भी पाट दी गयी जिसके चलते गन्दा पानी एकत्रित होकर कुएं के पानी को प्रदूषित कर रहा है। आरोप है कि इसकी शिकायत दो बार उपजिलाधिकारी से किया लेकिन इसके बाद भी कोई कर्यवाही नहीं हुई तो वह तहसील दिवस में प्रार्थना पत्र दिया लेकिन वह भी कूड़ेदान में चला गया। इसके बाद न्याय के लिये पिछले 5 दिनों से वह कलेक्ट्रेट परिसर में धरने पर बैठा लेकिन इसके बाद किसी अधिकारी ने सुधि नहीं ली तो हताश होकर उसने यह कदम उठाया। इस बाबत पूछे जाने पर अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) उमाकान्त त्रिपाठी ने कहना है कि पीड़ित भानु की शिकायतों की जांच कराकर कार्यवाही की जायेगी। साथ ही पेड़ पर चढ़कर इस तरह का कृत्य करने के मामले में पीड़ित के खिलाफ मुकदमा भी दर्ज होगा।
