दिव्यांगो ने बस स्टेशन पर किया हंगामा, किया सड़क जाम
https://husainijnp.blogspot.com/2016/09/blog-post_917.html
अजमी रिज़वी
बाराबंकी। विगत ग्यारह दिनों से गन्ना दफ्तर में विकलांगजन अपनी मांगों
को लेकर धरना रत है। दिव्यांगों मे उस समय सब्र का बांध टूट गया जब
उन्हें इस बात का पता चला कि धरने मे शामिल होने को आ रहे दिव्यांगों से
बस परिचालक ने टिकट काट कर पैसे ले लिये। धरना स्थल पर बैठे सभी लोगों का
आक्रोष फूट पड़ा और अपनी नेत्री रंजीता सिंह के नेतृत्व मे दर्जनों
विकलांगों ने रोड वेज बस स्टैण्ड को घेर कर उत्पाद मचाना शुरू कर दिया,
अपने सम्बोधन मे रंजीता ने कहा कि हम सभी विकलांगों को बसों में काफी
दुष्वारियों का सामना करना पडता है। बस के चालक हम विकलांगों को देखकर बस
रोकते नही और यदि रोक भी दिया तो परिचालक टिक काटते है साथ ही साथ धौंस
भी देते है कि बस तेरे बाप की है क्या, मोदी से कहों विकलांगों के लिए बस
अलग से चलवाए तभी आप आप लोगों का कल्याण होगा आदि अप शब्दों से अपमानित
कर बस से नीचे उतार देते है जब कि सरकार ने हम लोगों की यात्रा हेतु बस व
रेल मे काफी सुविधाये दे रखी है। विकलांगों ने बसो को बस स्टैण्ड से
निकलने नही दिया। विकलांगों के आक्रोष को देखते हुए विकलांगजन के टिकट
काटने वाले संविदा कर्मी परिचालक आषीष कुमार की संविदा क्षेत्रीय
प्रबन्धक ने तत्काल सेवा मुक्त कर दिया, जिससे सभी विकलांगजन वापस अपने
धरना स्थल पर वापस चले गये। बस स्टाप के कर्मी व यात्रियों ने राहत की
सांस ली। धरना स्थल पर उपाध्यक्ष परषुराम ने कहा कि धरना स्थल पर जांच
करवा कर मांग पूरी करने का आष्वासन देते है परन्तु आज तक कोई कार्यवाही
नही की गयी है। अतः अब धरना स्थल से तभी उठा जायेगा जब तक हम लोगों की
मांगे पूरी नही हो जाती है। आश्वासन देकर हम शरीर से कमजोर व असहाय लोगों
को परेशान करने का शिगूफा बना लिया है। इस मौके पर कैलाश, रहीसुल, रेशमा,
वन्दना, फैजल अहमद, सुमित्रा, उर्मिला, प्रीती, अवधेश, भगौती, समर सिंह,
अंशु, अजय गोस्वामी, मौजीला सहित दर्जनों लोग उपस्थित रहे।
बाराबंकी। विगत ग्यारह दिनों से गन्ना दफ्तर में विकलांगजन अपनी मांगों
को लेकर धरना रत है। दिव्यांगों मे उस समय सब्र का बांध टूट गया जब
उन्हें इस बात का पता चला कि धरने मे शामिल होने को आ रहे दिव्यांगों से
बस परिचालक ने टिकट काट कर पैसे ले लिये। धरना स्थल पर बैठे सभी लोगों का
आक्रोष फूट पड़ा और अपनी नेत्री रंजीता सिंह के नेतृत्व मे दर्जनों
विकलांगों ने रोड वेज बस स्टैण्ड को घेर कर उत्पाद मचाना शुरू कर दिया,
अपने सम्बोधन मे रंजीता ने कहा कि हम सभी विकलांगों को बसों में काफी
दुष्वारियों का सामना करना पडता है। बस के चालक हम विकलांगों को देखकर बस
रोकते नही और यदि रोक भी दिया तो परिचालक टिक काटते है साथ ही साथ धौंस
भी देते है कि बस तेरे बाप की है क्या, मोदी से कहों विकलांगों के लिए बस
अलग से चलवाए तभी आप आप लोगों का कल्याण होगा आदि अप शब्दों से अपमानित
कर बस से नीचे उतार देते है जब कि सरकार ने हम लोगों की यात्रा हेतु बस व
रेल मे काफी सुविधाये दे रखी है। विकलांगों ने बसो को बस स्टैण्ड से
निकलने नही दिया। विकलांगों के आक्रोष को देखते हुए विकलांगजन के टिकट
काटने वाले संविदा कर्मी परिचालक आषीष कुमार की संविदा क्षेत्रीय
प्रबन्धक ने तत्काल सेवा मुक्त कर दिया, जिससे सभी विकलांगजन वापस अपने
धरना स्थल पर वापस चले गये। बस स्टाप के कर्मी व यात्रियों ने राहत की
सांस ली। धरना स्थल पर उपाध्यक्ष परषुराम ने कहा कि धरना स्थल पर जांच
करवा कर मांग पूरी करने का आष्वासन देते है परन्तु आज तक कोई कार्यवाही
नही की गयी है। अतः अब धरना स्थल से तभी उठा जायेगा जब तक हम लोगों की
मांगे पूरी नही हो जाती है। आश्वासन देकर हम शरीर से कमजोर व असहाय लोगों
को परेशान करने का शिगूफा बना लिया है। इस मौके पर कैलाश, रहीसुल, रेशमा,
वन्दना, फैजल अहमद, सुमित्रा, उर्मिला, प्रीती, अवधेश, भगौती, समर सिंह,
अंशु, अजय गोस्वामी, मौजीला सहित दर्जनों लोग उपस्थित रहे।

