रीता बहुगुणा भाजपा में शामिल, कांग्रेस में बेचैनी
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प्रदेश में कांग्रेस के चुनावी रणनीतिकार प्रशांत किशोर प्रदेश में ब्राह्मण वोट बैंक को फोकस करने की रणनीति पर काम कर रहे हैं। इसी रणनीति के तहत कांग्रेस ने दिल्ली की पूर्व मुख्यमंत्री शीला दीक्षित को यूपी में सीएम चेहरा बनाया। रीता बहुगुणा जोशी ब्राह्मण समुदाय से हैं और पार्टी के ब्राह्मण चेहरों में सबसे आगे हैं। ऐसे में उनके बीजेपी के शामिल होने को कांग्रेस के लिए झटके के तौर पर देखा जा सकता है।
रीता बहुगुणा जोशी 2007-2012 तक प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष पद पर भी रह चुकी हैं। वह एक जमीनी नेता के रूप में जाती हैं। यूपी में उन्होंने जनता से जुड़े अनेक मुद्दों पर सड़क पर संघर्ष किया और कार्यकर्ताओं के साथ आवाज बुलंद की।
गौरतलब है कि रीता बहुगुणा जोशी के भाई और उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री विजय बहुगुणा जोशी पहले ही कांग्रेस को छोड़कर बीजेपी ज्वाइन कर चुके हैं। उस समय भी रीता बहुगुणा जोशी के बीजेपी में शामिल होने की अटकलें तेज हुई थीं, हालांकि तब उन्होंने ऐसी खबरों का खंडन किया था।

