दुनिया में आतंकवाद को पैदा करने वाला आका है अमेरिका :मौलाना कल्बे जव्वाद
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हसनैन कमर दीपू
जौनपुर | आज पूरी दुनिया में जिस तरह से आईएसआईएस जैसे खुुंखार आतंकवादी संगठन को लेकर हो हल्ला मचा हुआ है और अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा ने मुस्लिम धर्म गुरुओं के साथ-साथ समाज को सोचने पर मजबूर किया है कि क्यों इस्लाम के मानने वाले आतंकवादी बन रहे है। कड़े शब्दों में निंदा करते हुए शिया धर्मगुरु मौलाना कल्बे जव्वाद नकवी ने कहा कि आतंकवाद को पूरी दुनिया में फैलाने का काम खुद अमेरिका ने किया और आज वो खुद हमें नसीहत दे रहा है। उन्होंने कहा कि अमेरिका, ईजराइल व सऊदी अरब के साथ कई अन्य देशों से इन आतंक वादियों को धन मुहैय्या सालों से कराया जाता रहा है यहीं नही असलहा, बारुद व अन्य अत्याधुनिक संसाधन भी इन खुंखार आतंकवादियों को मुहैय्या कराने का काम करता चला आ रहा है। आज जब यहीं आतंकवादी संगठन उनपर हमला कर रहे है तो उन्हे आतंकवाद से लड़ने के लिए लोगों को एकजुट होने का आह्वान करना पड़ रहा है। अमेरिका पहले अपने गिरहबान में झांके उसके बाद किसी पर आरोप लगाए।
उक्त बाते जौनपुर में शिया धर्म गुरु मौलाना कल्बे जव्वाद नकवी ने पत्रकार वार्ता के दौरान कही उन्होंने कहा की अमेरिका व इजराईल की शह पर सऊदी अरब सहित अन्य देशों की फंडिंग से जब यह आतंकवादी संगठन सीरिया, ईराक, लेबनान, अफगानिस्तान व पाकिस्तान सहित अन्य देशों में एक के बाद एक आत्मघाती कर शिया मजलिसों, इमाम बाड़ों व अन्य धार्मिक स्थलों पर बम विस्फोट कर हजारों बेगुनाहों का खून बहा रहे थे तब पूरी दुनिया में किसी ने भी अपनी आवाज बुलंद नहीं की। डेढ़ दशक पूर्व जब शिया ओलमाओं के साथ-साथ अन्य धर्म गुरुओं ने इसकी निंदा करते हुए आतंकवाद से लड़ने का आह्वान किया तब अमेरिका व अन्य देश कहा सोये हुए थे। आज जब उन्हीं के द्वारा पैदा किये हुए आतंकवादी उन्हीं पर हमला कर रहे है तो उन्हे उस दर्द का एहसास हो रहा है। हालांकि हम लोग किसी भी बेगुनाह के खूंन बहाये जाने की हिमायत नहीं करते और न ही इसकी इस्लाम इजाजत देता है। इस्लाम में जेहाद का मतलब खुलकर सामने आकर लड़ना होता है और जिस तरह से आईएसआईएस जैसे संगठन बेगुनाहों का कत्लेआम कर रहे हैं वो ठीक नहीं है। उन्होंने कहा कि आत्मघाती दस्तों के पास जो बमों से लैस बेल्ट, असलहे, गोला बारुद रहते है वो खुद अमेरिका व इजराईल इन्हे मुहैय्या कराता है। तेल के कुंओ पर हमेशा से अमेरिका की निगाहे गड़ी थी और इन्ही आतंकवादी संगठनों से तेल खरीद कर उन्हे आर्थिक रुप से मजबूत करने का काम अमेरिका करता चला आ रहा है। भारत में आईएसआईएस की सुग बुगाहट होने पर उन्होने कहा कि खुफिया विभाग ने तो पहले ही अपनी रिपोर्ट में बता दिया है कि ढेड़ सौ से अधिक लोग इस संगठन की शुरुआत करने में लगे है।
उक्त बाते जौनपुर में शिया धर्म गुरु मौलाना कल्बे जव्वाद नकवी ने पत्रकार वार्ता के दौरान कही उन्होंने कहा की अमेरिका व इजराईल की शह पर सऊदी अरब सहित अन्य देशों की फंडिंग से जब यह आतंकवादी संगठन सीरिया, ईराक, लेबनान, अफगानिस्तान व पाकिस्तान सहित अन्य देशों में एक के बाद एक आत्मघाती कर शिया मजलिसों, इमाम बाड़ों व अन्य धार्मिक स्थलों पर बम विस्फोट कर हजारों बेगुनाहों का खून बहा रहे थे तब पूरी दुनिया में किसी ने भी अपनी आवाज बुलंद नहीं की। डेढ़ दशक पूर्व जब शिया ओलमाओं के साथ-साथ अन्य धर्म गुरुओं ने इसकी निंदा करते हुए आतंकवाद से लड़ने का आह्वान किया तब अमेरिका व अन्य देश कहा सोये हुए थे। आज जब उन्हीं के द्वारा पैदा किये हुए आतंकवादी उन्हीं पर हमला कर रहे है तो उन्हे उस दर्द का एहसास हो रहा है। हालांकि हम लोग किसी भी बेगुनाह के खूंन बहाये जाने की हिमायत नहीं करते और न ही इसकी इस्लाम इजाजत देता है। इस्लाम में जेहाद का मतलब खुलकर सामने आकर लड़ना होता है और जिस तरह से आईएसआईएस जैसे संगठन बेगुनाहों का कत्लेआम कर रहे हैं वो ठीक नहीं है। उन्होंने कहा कि आत्मघाती दस्तों के पास जो बमों से लैस बेल्ट, असलहे, गोला बारुद रहते है वो खुद अमेरिका व इजराईल इन्हे मुहैय्या कराता है। तेल के कुंओ पर हमेशा से अमेरिका की निगाहे गड़ी थी और इन्ही आतंकवादी संगठनों से तेल खरीद कर उन्हे आर्थिक रुप से मजबूत करने का काम अमेरिका करता चला आ रहा है। भारत में आईएसआईएस की सुग बुगाहट होने पर उन्होने कहा कि खुफिया विभाग ने तो पहले ही अपनी रिपोर्ट में बता दिया है कि ढेड़ सौ से अधिक लोग इस संगठन की शुरुआत करने में लगे है।

