मूकबधिर को दबंगो ने जमकर पीटा, कई घायल
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अजमी रिज़वी
बाराबंकी। दुकान पर सामान लेने गये मूकबधिर युवक के साथ मजाक के दौरान कहासुनी हो गयी। जिस पर दबंग युवकों ने 20 वर्षीय मूकबधिर को मारने पीटने लगे। मारपीट की सूचना मिलते ही परिजन मौके पर पहुंच गये। जिस पर दबंगो ने परिजनो को भी नही बख्शा। किसी तरह जान बचाकर थाने पहुंचकर दबंगो के खिलाफ तहरीर दी। पुलिस ने घायल मूकबधिर व परिजनो का मेडिकल परीक्षण हेतु इलाज के लिये जिला अस्पताल भेज दिया। जानकारी के मुताबिक ग्राम सरैंया थाना टिकैतनगर निवासी शरीफ मूकबधिर है। शरीफ गांव में साबिर की दुकान पर सामान खरीदने के लिये गया हुआ था। जहां पर पहले से मौजूद कलाम, नानबाबू, पप्पू, मो. उमर, नसीब अली, गुलाब, मुख्तार ने मूकबधिर शरीफ से मजाक करने लगे। शरीफ न तो बोल पाता है न ही सुन पाता है। उसने अपने इशारों से इन लोगों से कहा होगा कि मजाक न करो इस पर यह लोग नही माने तो शरीफ ने पत्थर उठा लिया तो कलाम व उसके साथियों ने मूकबधिर शरीफ को पकड़ लिया और मारने पीटने लगे। तभी गांव के कुछ लोगों ने शरीफ के परिजनो को इस घटना की सूचना दी। सूचना मिलते ही शरीफ की मां बिसमिल्ला व बड़ा भाई मो. लतीफ और पत्नी अफसाना शरीफ को बचाने आ पहुंचे। इस पर कलाम, नानबाबू, पप्पू अन्य साथियों ने इनके ऊपर लाठी व बांके से हमला कर दिया। किसी तरह लतीफ अपनी मां बीबी व भाई की जान बचाकर थाने पहुंच गये और लिखित तहरीर दी। पुलिस ने घायलों को मेडिकल परीक्षण के लिये जिला अस्पताल भेज दिया। पुलिस दबंगो को गिरफ्तार करने जब गांव पहुंची तो दबंग कलाम, नानाबाबू अपने साथियों के साथ फरार हो गया।
बाराबंकी। दुकान पर सामान लेने गये मूकबधिर युवक के साथ मजाक के दौरान कहासुनी हो गयी। जिस पर दबंग युवकों ने 20 वर्षीय मूकबधिर को मारने पीटने लगे। मारपीट की सूचना मिलते ही परिजन मौके पर पहुंच गये। जिस पर दबंगो ने परिजनो को भी नही बख्शा। किसी तरह जान बचाकर थाने पहुंचकर दबंगो के खिलाफ तहरीर दी। पुलिस ने घायल मूकबधिर व परिजनो का मेडिकल परीक्षण हेतु इलाज के लिये जिला अस्पताल भेज दिया। जानकारी के मुताबिक ग्राम सरैंया थाना टिकैतनगर निवासी शरीफ मूकबधिर है। शरीफ गांव में साबिर की दुकान पर सामान खरीदने के लिये गया हुआ था। जहां पर पहले से मौजूद कलाम, नानबाबू, पप्पू, मो. उमर, नसीब अली, गुलाब, मुख्तार ने मूकबधिर शरीफ से मजाक करने लगे। शरीफ न तो बोल पाता है न ही सुन पाता है। उसने अपने इशारों से इन लोगों से कहा होगा कि मजाक न करो इस पर यह लोग नही माने तो शरीफ ने पत्थर उठा लिया तो कलाम व उसके साथियों ने मूकबधिर शरीफ को पकड़ लिया और मारने पीटने लगे। तभी गांव के कुछ लोगों ने शरीफ के परिजनो को इस घटना की सूचना दी। सूचना मिलते ही शरीफ की मां बिसमिल्ला व बड़ा भाई मो. लतीफ और पत्नी अफसाना शरीफ को बचाने आ पहुंचे। इस पर कलाम, नानबाबू, पप्पू अन्य साथियों ने इनके ऊपर लाठी व बांके से हमला कर दिया। किसी तरह लतीफ अपनी मां बीबी व भाई की जान बचाकर थाने पहुंच गये और लिखित तहरीर दी। पुलिस ने घायलों को मेडिकल परीक्षण के लिये जिला अस्पताल भेज दिया। पुलिस दबंगो को गिरफ्तार करने जब गांव पहुंची तो दबंग कलाम, नानाबाबू अपने साथियों के साथ फरार हो गया।

