कुलपति व कुलसचिवों की बुद्धि शुद्धि के लिये कराया गया यज्ञ
https://husainijnp.blogspot.com/2016/01/blog-post_233.html
अजमी रिज़वी
बाराबंकी। उच्च शिक्षा के क्षेत्र में व्याप्त भ्रष्टाचार के खिलाफ धरना दे रहे डिग्री शिक्षकों का धरना दूसरे दिन भी जारी रहा। धरना दे रहे पदाधिकारियों का कहना है कि जब तक हमारी मांगे नही मानी जायेगी तब तक धरना लगातार जारी रहेगा। उच्च शिक्षा उत्थान समिति के प्रदेश अध्यक्ष डा एमपी सिंह ने कहा कि अवध विश्वविद्यालय के सम्बद्ध में महाविद्यालयों के अनुमोदित प्रध्यापकों का विवरण आनलाइन, न्यूनतम वेतन मान का निर्धारण सेवा नियमावली बनाकर उसे तत्काल प्रभाव से लागू नही करती है तो हमारा संघर्ष जारी रहेगा। धरने के दूसरे दिन कुलपति और कुलसचिवों की बुद्धि-शुद्धि यज्ञ कराया गया। सभी पदाधिकारियों ने कुलपति और कुलसचिव के हृदय में मानवता जगाने की कामना की है। प्रदेश महामंत्री जेपी सिंह ने कहा कि अगर हमारी जायज मांगों को शासन प्रशासन तक नही पहुंचाया गया तो शिक्षक उग्र प्रदर्शन के लिये बाध्य होंगे। जिसकी सारी जिम्मेदारी शासन प्रशासन की होगी। धरने के दूसरे दिन भी जिले के कोई भी अधिकारी मौमे पर नही पहुंचा। इस मौके पर डा. अमित कुमार सिंह, अनूप कुमार सिंह, डा विश्वास शुक्ला, अमित कुमार, गजेन्द्र आदि शिक्षक मौजूद रहे।
बाराबंकी। उच्च शिक्षा के क्षेत्र में व्याप्त भ्रष्टाचार के खिलाफ धरना दे रहे डिग्री शिक्षकों का धरना दूसरे दिन भी जारी रहा। धरना दे रहे पदाधिकारियों का कहना है कि जब तक हमारी मांगे नही मानी जायेगी तब तक धरना लगातार जारी रहेगा। उच्च शिक्षा उत्थान समिति के प्रदेश अध्यक्ष डा एमपी सिंह ने कहा कि अवध विश्वविद्यालय के सम्बद्ध में महाविद्यालयों के अनुमोदित प्रध्यापकों का विवरण आनलाइन, न्यूनतम वेतन मान का निर्धारण सेवा नियमावली बनाकर उसे तत्काल प्रभाव से लागू नही करती है तो हमारा संघर्ष जारी रहेगा। धरने के दूसरे दिन कुलपति और कुलसचिवों की बुद्धि-शुद्धि यज्ञ कराया गया। सभी पदाधिकारियों ने कुलपति और कुलसचिव के हृदय में मानवता जगाने की कामना की है। प्रदेश महामंत्री जेपी सिंह ने कहा कि अगर हमारी जायज मांगों को शासन प्रशासन तक नही पहुंचाया गया तो शिक्षक उग्र प्रदर्शन के लिये बाध्य होंगे। जिसकी सारी जिम्मेदारी शासन प्रशासन की होगी। धरने के दूसरे दिन भी जिले के कोई भी अधिकारी मौमे पर नही पहुंचा। इस मौके पर डा. अमित कुमार सिंह, अनूप कुमार सिंह, डा विश्वास शुक्ला, अमित कुमार, गजेन्द्र आदि शिक्षक मौजूद रहे।
