aajtaktimes

हेमंत और मधुकर ने आलोचनात्मक टिप्पणी कर समाज को जगाने का काम किया: गोस्वामी


अजमी रिज़वी
बाराबंकी। यश भारती सम्मान से विभूषित पत्रकारों का अभिनंदन समारोह गांधी जयंती समारोह ट्रस्ट द्वारा गांधी भवन में आयोजित हुआ। इस मौके पर गांधी जयंती समारोह ट्रस्ट के मुख्य ट्रस्टी एवं वरिष्ठ पत्रकार हेमंत शर्मा तथा वरिष्ठ पत्रकार मधुकर त्रिवेदी को उप्र सरकार द्वारा जारी सर्वोच्च सम्मान यश भारती दिए जाने की प्रशंसा करते हुए मुख्यमंत्री अखिलेश यादव का आभार व्यक्त किया गया। इस मौके पर यश भारती पुरस्कार से सम्मानित मधुकर त्रिवेदी को युवा प्रगति सामाजिक संस्था द्वारा स्मृति चिन्ह एवं गांधी जयंती समारोह ट्रस्ट द्वारां शाल भेट कर स्वागत किया गया। वही मुख्य अतिथि पीटीआई के ब्यूरो प्रमुख प्रमोद गोस्वामी को भी शाल ओढाकर स्वागत किया गया।
कार्यक्रम के संयोजक राजनाथ शर्मा ने बताया कि वरिष्ठ पत्रकार हेमंत शर्मा एवं वरिष्ठ पत्रकार मधुकर त्रिवेदी को पूर्व वर्ष 2014 और 2015 में आयोजित गांधी जयन्ती समारोह के सामाजिक सहभागिता सम्मान के अन्र्तगत ’प्रभाष जोशी पत्रकारिता सम्मान’ से सम्मानित किया जा चुका है। श्री शर्मा ने बताया कि जनपद के गांधी भवन की गांधी दर्शन केन्द्र के रूप में जो पहचान बनी उसका श्रेय हेमंत शर्मा को जाता है। उन्ही के प्रयासों से ही गांधी भवन का संचालन शुरू हो सका जिससे समाज में गांधी एवं लोहिया की विचारधारा को बल मिल रहा है।
उन्होने कहा कि हेमंत शर्मा द्वारा लिखित पुस्तक ’तमाशा मेरे आगे’ की प्रस्तावना को लिखते हुये प्रख्यात हिन्दी साहित्यकार प्रोफेसर नामवर सिंह ने हेमंत की लेखनी की सराहना करते हुये पुस्तक में ’हिरीस’ शब्द के प्रयोग को हिन्दी शब्दावली का अनूठा शब्द बताया है तथा हेमंत शर्मा की लेखन शैली के बारे में कहा है कि उन्होने हिन्दी लेखन में उन सभी विधाओं को समाहित कर दिया जो बड़े से बड़े लेखक अपनाते है। यही नही कैलाश और मानसरोवर की यात्रा के बाद उस मार्मिक दृश्य को यात्रा वृतांत के रुप में ’द्वित्योनास्ति’ पुस्तक में उल्लेखित करना सदृश्य यात्रा में सम्मिलित होने जैसा है।
वरिष्ठ पत्रकार एवं पीटीआई के ब्यरो प्रमुख प्रमोद गोस्वामी ने कहा कि आज चाटुकारिता की पत्रकारिता का दौर शुरू हो गया है। पत्रकार खुफिया एजेंसियों का काम कर रहे है। उन्होने कहा कि जिस प्रकार से गणेश शंकर विद्यार्थी ने पत्रकारिता के लिए अंग्रेजों से लोहा लिया था तो क्या हम अपने हक के लिए सरकारो से मोर्चा नही ले सकते। पत्रकारिता समाज का आइना है। वह लोकतंत्र का चैथा मजबूत स्तम्भ है। ऐसे में समाज के निर्माण में पत्रकारिता की मुख्य भूमिका है। आज जब पत्रकारिता को यश भारती या अन्य सम्मान दिया जाता है तो गर्व होता है। हेमंत जी और मधुकर जी को सम्मानित करने के लिए सपा सरकार को बधाई। उन्होने कहा कि हेमंत जी ने हमेशा आलोचनात्मक टिप्पणी करके समाज को जगाने का प्रयास किया है। यही नही निष्पक्ष एवं स्वच्छ पत्रकारिता से समाज मे अपनी अलग पहचान बनायी। वही मधुकर जी पत्रकारिता के दो बडे संगठन आई.एफ.डब्लू.जे एवं एन.यू.जे (आई) में से एन.यू.जे (आई) के संस्थापक सदस्य रहे है और विभिन्न समाचारपत्रो में सम्पादक एवं सम्पादकीय मंडलों में रहते हुए लोकतंत्र को मजबूत करने की दिशा में कार्य किया। कार्यक्रम में शामिल वरिष्ठ पत्रकार मधुकर त्रिवेदी ने कहा कि पहले की पत्रकारिता और आज की पत्रकारिता में काफी अंतर हो गया है। छोटे अखबार में काम करने के बाद भी मुझे बड़े अखबारों जैसा सम्मान मिलना गौरान्वित करने वाली बात है। पत्रकारिता के क्षेत्र में विभिन्न पदों पर रहते हुए जनता से जुड़े मुद्दों को उठाकर समाज के सामने लाने का निरंतर प्रयास रहता था।
इस मौके पर साहित्यकार मूसा खान असान, जिला अधिवक्ता संघ के पूर्व अध्यक्ष बृजेश दीक्षित, जिला शासकीय अधिवक्ता जमील अहमद, हुमायूं नईम खां, समाजसेवी अशोक शुक्ला, मृत्युंजय शर्मा, विनय कुमार सिंह, एहतिशाम खान, सपा यूथ ब्रिगेड के प्रदेश सचिव दानिश सिद्दीकी, श्रीनिवास त्रिपाठी, राजेश यादव, नीरज दूबे, शमशेरा सिंह, विशाल मिश्रा, युवा प्रगति सामाजिक संस्था के अध्यक्ष फराज अहमद खान, अतुल शुक्ला, सभासद साफे जुबेरी, उमर अशफाक, जावेद अहमद खान, अंकुर यदुवंशी, मयंक खरे, शहनवाज अहमद सहित कई लोग मौजूद रहे।

प्रभाष परम्परा न्यास को सौंपी सम्मान की राशि
बाराबंकी। उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा प्राप्त सर्वोच्च सम्मान ‘यशभारती’ पुरस्कार में ग्यारह लाख रूपये, अंगवस्त्र और प्रशस्ति पत्र मिला है। यह सम्मान अपने गुरु प्रभाष जोशी और पिता मनु शर्मा को समर्पित करता हूं। यही नही मैं ‘यशभारती’ सम्मान में मिली ग्यारह लाख की रकम मेँ एक लाख रूपये और जोड़ कर प्रभाष परंपरा न्यास को सौंपता हूँ। ताकि इस राशि के ब्याज से सालाना इस काम के लिए सालाना फेलोशिप शुरू की जाय और प्रभाष जी द्वारा शुरू किये गए कार्याे को आगे बढ़ाया जाय। यह बात वरिष्ठ पत्रकार हेमंत शर्मा ने प्रभाष परम्परा न्यास के प्रबंध न्यासी एवं वरिष्ठ पत्रकार रामबहादुर राय को पत्र के माध्यम से कही। हेमंत के इस सराहनीय प्रयास की गांधी जयंती समारोह ट्रस्ट प्रशंसा करता है। हेमंत को मिले इस यश भारती सम्मान का बधाई संदेश देते हुए सांसद पीएल पुनिया ने कहा कि हेमंत जी ऐसे ही अपनी बेबाक लेखनी और निष्पक्ष पत्रकारिता से देश व समाज का मार्गदर्शन करते रहेंगे। 

Related

UP 1988280074968694752

Post a Comment

emo-but-icon

Recent

Comments

item