अहमद नईम के व्यक्तित्व से अधिवक्ता बहुत प्रभावित थे: बृजेश
https://husainijnp.blogspot.com/2016/03/blog-post_30.html
अजमी रिज़वी
बाराबंकी। अहमद नईम साहब जूनियर व सीनियर हर वर्ग के अधिवक्ताओं के प्रिय थे। अहमद नईम के व्यक्तित्व से उस समय के अधिवक्ता बहुत प्रभावित थे। उनका विनम्र स्वाभाव और ओजशील व्यक्तित्व ही उनकी पहचान थी।
उक्त विचार गांधी भवन में आयोजित वरिष्ठ अध्विक्ता स्व. अहमद नईम खान की 10वीं पूण्यतिथि की अध्यक्षता कर रहे जिला बार एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष बृजेश दीक्षित ने व्यक्त किए। उन्होने कहा कि हम अधिवक्ता को उनसे बहुत कुछ सीखने को मिला। फौजदारी के बड़े वकील रहते हुए विधि क्षेत्र में गरीबों की बड़ी मदद की। दर्जनों मुकदमों में फीस नही लेते थे।
समाजवादी विचारक एवं चिंतक राजनाथ शर्मा ने कहा कि बाराबंकी की पहली कतार के समाजवादियों में अहमद नईम साहब का नाम है। वह डा लोहिया के बहुत बडे अनुयायी थे। उनपर डा लोहिया का बहुत प्रभाव था जो उनके व्यक्तित्व से साफ नजर आता था। अहमद नईम साहब पूर्ण रूप से एक आदर्श पुरूष थे। अधिवक्ता हिसाल बारी किदवई ने कहा कि विधि की शिक्षा तो हमने ली ही साथ ही अपने सीनियर अहमद नईम साहब से जिन्दगी गुजारने का हुनर भी सीखा। उप्र वित्त विकास निगम के निदेशक इजहार हुसैन ने कहा कि अहमद नईम खान सोशलिस्ट पार्टी के निर्णायक मण्डल के प्रमुख सदस्य हुआ करते थे। कार्यक्रम का आयोजन स्व. अहमद नईम खान के बेटे वरिष्ठ अधिवक्ता हुमायूं नईम खान के संचालन में आयोजित हुआ। इस अवसर पर मुख्य रूप से वरिष्ठ अधिवक्ता इकबाल अशरफ किदवई, सै. रियाजुल हसन, शाह कलीम, विनय कुमार सिंह, पाटेश्वरी प्रसाद, महामंत्री जिला बार प्रदीप सिंह, डीजीसी सिविल जमील अहमद, रशीद अहमद, दीलिप गुप्ता, कृपाशंकर तिवारी, सुनीत अवस्थी, मो. जफर खान, नरेश सिंह, अजय सिंह, अमिज शुक्ला, वरूण मिश्रा, मृत्युंजय शर्मा, बबलू खान, सहित कई लोग मौजूद रहे। इस मौके पर वरिष्ठ अधिवक्ता फौजदारी शकेब अहमद किदवई के आकस्मिक निधन पर दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत की आत्मशान्ति की प्रार्थना की गयी।

