भगवंता हत्याकाण्ड का खुलासा, जेठानी व प्रेमी गिरफ्तार
https://husainijnp.blogspot.com/2016/04/blog-post_589.html
अजमी रिज़वी
बाराबंकी। थाना असंद्रा क्षेत्र के ग्राम रतौली निवासी श्रीराम चन्द्र की
पत्नी को प्रेम प्रसंग के चलते भगवंता की जलाकर हत्या कर दी गयी थी।
प्रेस वार्ता के दौरान एडिशनल एसपी शफीक अहमद ने बताया कि बीते 24 मार्च
को भगवंता की संदिग्ध परिस्थितियों में जलकर मौत हो गयी थी। लेकिन
पोस्टमार्टम की रिपोर्ट आने के बाद पता चला कि उसकी गला दबाकर हत्या कर
दी गयी थी। इस हत्या में शामिल भगवंता की जेठानी सुमिरता उर्फ सुमित्रा
पत्नी फूलचन्द अपने आशिक राम नरेश गोड़िया जो इसी गांव का रहने वाला है के
साथ मिलकर इस वजह भगंवता की हत्या की थी क्योंकि भगवंता ने घटना से
तीन-चार दिन पहले यह दोनो खेत में आपत्तिजनक स्थित पड़े हुए थे जिसको
भगवंता ने देख लिया था। जिसको सुमित्रा व नरेश ने भगवंता को धमकी देने
लगे और कहा कि अगर किसी को बताया तो तुम्हे जान से मार देंगे। भगवंता पर
इन दोनो की बात का असर नही हुआ और भगवंता ने अपने पति रामचन्द्र को सारी
घटना बता दी। इसके अतिरिक्त सुमित्रा के पुत्र लवलेश की शादी मृतका
भगवंता के मायके में तय हुई थी। लेकिन किसी कारणवश लवलेश की शादी टूट
गयी। सुमित्रा ने शादी टूटने का आरोप मृतका भगवंता पर लगाया। एडिशनल एसपी
शफीक अहमद ने यह भी बताया कि सुमित्रा ने भगवंता को धमकी दी थी कि तुमको
होली तक ठीक कर देंगे। होली के दूसरे दिन यानि 24 मार्च को सुमित्रा अपने
प्रेमी रामनरेश गोड़िया के साथ मिलकर भगवंता को घर में अकेली पाकर उसका
गला दबाकर हत्या कर दी और लाश को छुपाने की नियत से केरासीन उसके ऊपर
डालकर जला डाला। पोस्टमार्टम की रिपोर्ट के आधार पर पुलिस का शक इन्ही
लोगों पर था। पूछतांछ के दौरान सुमित्रा ने अपना जुर्म कबूल कर लिया और
रामनरेश गोड़िया को भी पकड़ लिया। हत्या का खुलासा होते ही पुलिस अधीक्षक
अब्दुल हमीद की तरफ से थाना असन्द्रा उप निरीक्षक मदन लाल आरक्षी,
शत्रोहन तिवारी, राधेश्याम तिवारी व नीला तिवारी को को पांच हजार रुपये
पुरस्कार व प्रशस्ति पत्र से पुरस्कृत किया।
बाराबंकी। थाना असंद्रा क्षेत्र के ग्राम रतौली निवासी श्रीराम चन्द्र की
पत्नी को प्रेम प्रसंग के चलते भगवंता की जलाकर हत्या कर दी गयी थी।
प्रेस वार्ता के दौरान एडिशनल एसपी शफीक अहमद ने बताया कि बीते 24 मार्च
को भगवंता की संदिग्ध परिस्थितियों में जलकर मौत हो गयी थी। लेकिन
पोस्टमार्टम की रिपोर्ट आने के बाद पता चला कि उसकी गला दबाकर हत्या कर
दी गयी थी। इस हत्या में शामिल भगवंता की जेठानी सुमिरता उर्फ सुमित्रा
पत्नी फूलचन्द अपने आशिक राम नरेश गोड़िया जो इसी गांव का रहने वाला है के
साथ मिलकर इस वजह भगंवता की हत्या की थी क्योंकि भगवंता ने घटना से
तीन-चार दिन पहले यह दोनो खेत में आपत्तिजनक स्थित पड़े हुए थे जिसको
भगवंता ने देख लिया था। जिसको सुमित्रा व नरेश ने भगवंता को धमकी देने
लगे और कहा कि अगर किसी को बताया तो तुम्हे जान से मार देंगे। भगवंता पर
इन दोनो की बात का असर नही हुआ और भगवंता ने अपने पति रामचन्द्र को सारी
घटना बता दी। इसके अतिरिक्त सुमित्रा के पुत्र लवलेश की शादी मृतका
भगवंता के मायके में तय हुई थी। लेकिन किसी कारणवश लवलेश की शादी टूट
गयी। सुमित्रा ने शादी टूटने का आरोप मृतका भगवंता पर लगाया। एडिशनल एसपी
शफीक अहमद ने यह भी बताया कि सुमित्रा ने भगवंता को धमकी दी थी कि तुमको
होली तक ठीक कर देंगे। होली के दूसरे दिन यानि 24 मार्च को सुमित्रा अपने
प्रेमी रामनरेश गोड़िया के साथ मिलकर भगवंता को घर में अकेली पाकर उसका
गला दबाकर हत्या कर दी और लाश को छुपाने की नियत से केरासीन उसके ऊपर
डालकर जला डाला। पोस्टमार्टम की रिपोर्ट के आधार पर पुलिस का शक इन्ही
लोगों पर था। पूछतांछ के दौरान सुमित्रा ने अपना जुर्म कबूल कर लिया और
रामनरेश गोड़िया को भी पकड़ लिया। हत्या का खुलासा होते ही पुलिस अधीक्षक
अब्दुल हमीद की तरफ से थाना असन्द्रा उप निरीक्षक मदन लाल आरक्षी,
शत्रोहन तिवारी, राधेश्याम तिवारी व नीला तिवारी को को पांच हजार रुपये
पुरस्कार व प्रशस्ति पत्र से पुरस्कृत किया।

