शिवालयों पर एक लोटा जल चढ़ाने के लिये भक्तों की लगी कतार
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बाराबंकी। हाथ में एक लोटा जल, होंठो पर बोल बम के जयकारे और मन में
भगवान शिव के प्रति अटूट आस्था...। सावन के पहले सोमवार आज ऐसा ही कुछ
नजारा जनपद के शिवालयों में देखने को मिला। भूत भावन भगवान शिव पर एक
लोटा जल अर्पित करने की जैसा होड़ सी लगी थी। एक बूंद बाबा की कृपा मिल
जाये तो जैसे सातों लोक के दर्शन हो जायें। अपने प्रिय को एक बार छू लेने
की इच्छा हर एक शिव भक्त के मन में रहती है। भगवान पिनाकपाणि का श्रावण
मास के प्रथम सोमवार के दिन जलाभिषेक करने को हर कोई आतुर दिखा। मध्य
रात्रि के बाद से ही मंदिरों में शिव भक्तों की कतारे लगने लगी। हर कोई
अपनी अपनी आशाओं, इच्छाओं, को बस एक बार बाबा से कहने को आतुर दिखा।
तहसील हैदरगढ़ स्थित गोमती नदी के तट पर बाबा अवसानेश्वर धाम में भारे पहर
से भक्तों का तातंा लग गया। दूरस्त जनपदों से आये हजारों की तादात में
शिवभक्तों ने भगवान भोलेनाथ के स्वयंभू शिवलिंग पर जलापर्ण कर मुराद
मांगी। रायबरेली, सुल्तानपुर, बछरावां, लखनऊ, उन्नाव, कानपुर, कन्नौज आदि
तमाम जनपदों से लोग बाबा को जलाभिषेक करने पहुंचे। ज्यादातर भक्तों ने
गोमती नदी में स्नान कर पहले शुद्धिकरण किया। फिर नदी के जल से ही बाबा
का जलाभिषेक किया। भारी भीड़ को संभालने के लिये प्रशासन भी पूरी तौर
मुश्तैद दिखा। दो दिन पूर्व से मंदिर के मुख्य द्वार पर बैरीकेटिंग की
व्यवस्था कर दी गयी थी। हालांकि भीड़ को संभालने मे प्रशासन को नाकों चने
चबाने पड़े। भगवान अवसानेश्वर महादेव धाम में जलाभिषेक करने वालों में
उत्सव मिश्रा, सुमंगल दीप त्रिवेदी, मनीष सिंह, विकास मिश्रा, विश्वनाथ
सोनी, कपिल सिंह यादव, आरके पाण्डेय, दुर्गेश पाण्डेय, लवलेश पाण्डेय,
आनन्द वर्मा, वरुण सिंह चौहान, आदित्य यादव, अंकित मिश्रा, शुभम सिंह,
दिनेश मौर्या, सीमा सिंह सहित हजारो तादात में शिवभक्त मौजूद रहे।
रामनगर प्रतिनिधि के अनुसार, श्री लोधेश्वर महादेवा में भी शिवभक्तों के
साथ सैकड़ो कावांरियों ने सावन मास के पहले सोमवार को जलाभिषेक कर खुद को
कृतार्थ किया। भोर पहर से शिवभक्तों का तांता लगना शुरु हो गया देर रात
तक चला। क्षेत्राधिकारी रामनगर दुर्गेश कुमार सिंह पूरे तौर मुश्तैद रहे।
किसी भी प्रकार की समस्या से निपटने के लिये पीएसी बल को भी तैनात किया
गया था। जलाभिषेक करने वालों में निरंकर त्रिवेदी, नवीन मिश्रा, पंकज
चतुर्वेदी, लक्ष्मी शंकर शुक्ला, राधिका शुक्ला, श्याम किशोर शुक्ला,
आराधना त्रिवेदी, रुचि द्विवेदी, सतीश द्विवेदी, पार्थ द्विवेदी, सतिराम
राजपूत, प्रांजुल राजपूत, कविता राजपूत सहित हजारों के तादात में शिवभक्त
मौजूद रहे। सिरौलीगौसपुर प्रतिनिधि के अनुसार कस्बा बदोसरांय से तीन
किलोमीटर दूर स्थित पौराणिक श्री कुंतीश्वर महादेव मंदिर में भी
श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा। इस मंदिर के बारे में प्रसिद्ध है कि आज
भी यहां माता कुंती सबसे पहले भगवान शिव की पूजा करती हैं। इस बारे में
कई शोध हुए जिनमें यह निकला कि भगवान शिव पर हर रोज ताजे पुष्प चढ़े मिलते
हैं। लोगों ने सावन के पहले सोमवार भांग, बेलपत्र, धतूरा, पुष्प, अक्षत,
धूप, दीप के साथ भगवान भोलेनाथ की पूजा उपासना की। पूर्जा अर्चना करने
वालों में प्रमुख रुप से सत्यनाम रावत, लवकुश शरण आनन्द, पीयूष द्विवेदी,
इन्द्रसेन रावत, राजू, केके सहित हजारो की तादात में शिवभक्त उमड़ पड़े।
नगर क्षेत्र के मंदिरों में भी सुबह से शिवभक्तों की काफी भीड़ दिखी। नगर
के राजकमल रोड स्थित कैलाश आश्रम, मोहल्ला पीरबटावन स्थित नागेश्वर नाथ,
मोहल्ला बाल्मीकि नगर स्थित कंकणेश्वर महादेव मंदिर, लइया मंण्डी स्थित
श्री सिद्धेश्वर नाथ महादेव मंदिर सहित तमाम छोटे बड़े मंदिरों शिवभक्तों
ने पूजा अर्चना कर मुरादे मांगी।

