नव चेतना महिला कल्याण समिति का समापन कार्यक्रम आज
https://husainijnp.blogspot.com/2016/07/blog-post_589.html
बाराबंकी। नव चेतना महिला कल्याण समिति द्वारा आयोजित नई रोशनी मे चौथे
दिन महिलाओं ने प्रशिक्षण के साथ किया चित्रण कार्य। बंकी ब्लाक मे अलग
अलग सोसाइटी द्वारा अलग अलग स्थानों पर नई रोशनी का कार्यक्रम चल रहा है।
जिसमें अल्प संख्यक महिलाओं हेतु प्रशिक्षण कार्य किया जा रहा है। नव
चेतना महिला कल्याण समिति द्वारा छठे दिन समापन कार्य बंकी ब्लाक सभागार
मे होगा। जिसमे आठों सेंटर की महिलाएं आज सुबह 10 बजे पहुंचकर अपनी
उपस्थित दर्ज करायेंगी तथा समापन कार्यक्रम मे महिलओं को प्रशस्ति पत्र
प्रदान किया जायेगा। दक्षिण टोला बंकी मे महिलाओं को चित्रण कार्य के
दौरान शाहिस्ता अख्तर ने कहा प्रशिक्षण और रोजगार सहयोग कार्यक्रम
’एस.टी.ई.पी.’ महिलाओं को कौशल उन्नयन विपणन और क्रेडिट लिंकेज के लिए
प्रशिक्षण प्रदान करता है। वहीं दशहराबाग मे बेबी सरवर ने कहा अनुच्छेद
30 के अनुसार सभी अल्प संख्यक चाहे वे धर्म अथवा भाषा के आधार पर हों,
उन्हें अपनी इच्छा से शैक्षिक संस्थानों की स्थापना और संचालन का अधिकार
होगा। इसके अलावा पैसार, मोहम्मदपुर, नई बस्ती, रसूूलपुर, आदि सेंटरों पर
भी महिलाओं ने प्रशिक्षण के साथ चित्रण कार्य किया।
दिन महिलाओं ने प्रशिक्षण के साथ किया चित्रण कार्य। बंकी ब्लाक मे अलग
अलग सोसाइटी द्वारा अलग अलग स्थानों पर नई रोशनी का कार्यक्रम चल रहा है।
जिसमें अल्प संख्यक महिलाओं हेतु प्रशिक्षण कार्य किया जा रहा है। नव
चेतना महिला कल्याण समिति द्वारा छठे दिन समापन कार्य बंकी ब्लाक सभागार
मे होगा। जिसमे आठों सेंटर की महिलाएं आज सुबह 10 बजे पहुंचकर अपनी
उपस्थित दर्ज करायेंगी तथा समापन कार्यक्रम मे महिलओं को प्रशस्ति पत्र
प्रदान किया जायेगा। दक्षिण टोला बंकी मे महिलाओं को चित्रण कार्य के
दौरान शाहिस्ता अख्तर ने कहा प्रशिक्षण और रोजगार सहयोग कार्यक्रम
’एस.टी.ई.पी.’ महिलाओं को कौशल उन्नयन विपणन और क्रेडिट लिंकेज के लिए
प्रशिक्षण प्रदान करता है। वहीं दशहराबाग मे बेबी सरवर ने कहा अनुच्छेद
30 के अनुसार सभी अल्प संख्यक चाहे वे धर्म अथवा भाषा के आधार पर हों,
उन्हें अपनी इच्छा से शैक्षिक संस्थानों की स्थापना और संचालन का अधिकार
होगा। इसके अलावा पैसार, मोहम्मदपुर, नई बस्ती, रसूूलपुर, आदि सेंटरों पर
भी महिलाओं ने प्रशिक्षण के साथ चित्रण कार्य किया।

