aajtaktimes

असन्द्रा पुलिस ने किया खुलासा, हत्या में प्रयुक्त हथियार बरामद

बाराबंकी। असन्द्रा थाना क्षेत्र के पश्चिम बेलांव गांव मे गत् दिनो हुए
गुरूदेई हत्याकाण्ड का पुलिस ने आज सनसनीखेज खुलासा कर दिया। गुरूदेई की
हत्या किसी और ने नही बल्कि उसके कलयुगी बेटे ने अपने विरोधी को फंसाने
के लिए की थी लेकिन नवागत पुलिस अधीक्षक के तजुर्बे ने उसके मंसूबो पर
पानी फिर गया। पुलिस अधीक्षक की निगरानी में हुई निष्पक्ष विवेचना से
बेगुनाह जेल जाने से बच गये। उल्लेखनीय है कि गत दिनो थाना क्षेत्र के
पश्चिम बेंलाव गांव निवासी दिलीप कुमार की मां गुरूदेई की उस समय गला रेत
कर हत्या कर दी गई थी। जब वह  रात में आंगन में सो रही थी। रात में करीब
ड़ेढ़ बजे अपनी मां के चीखने पर कमरे में लेटा दिलीप जब उसके पास पहुंचा तो
वह खून से लथपथ तड़प रही थी। दिलीप के चिल्लाने पर मौके पर तमाम ग्रामीण
इकट्ठे हो गए। बाद में घायल महिला को अस्पताल ले जाया गया। जहां उसकी मौत
हो गई थी। मृतका के पुत्र दिलीप कुमार ने गांव के ही सुहारी समेत 3 लोगो
के विरूद्ध पुरानी रंजिश के चलते हत्या करने का मुकदमा दर्ज करवाया था।
घटना की सूचना पाकर एसपी,एएसपी व सीओ आदि अधिकारी भी मौके पर पहुंचे और
घटना स्थल का बारीकी से निरीक्षण किया। प्रारम्भिक पड़ताल के दौरान पता
चला कि मामले में आरोपित सुहारी आदि काफी समय से गांव में नही रहते है।
ऐसे में शक की सुंई मृतका के पुत्र दिलीप की ओर गई। बाद में पुलिस ने
दिलीप व अन्य लोगो को हिरासत में ले लिया और पूंछतांछ शुरू कर दी।
पूंछतांछ के दौरान दिलीप टूट गया उसके बाद उसने जो बताया उसे सुनकर लोगो
की रूह कांप गई। पुलिस के अनुसार दिलीप ने अपने साले सुहारी को फंसाने के
लिए अपनी मां का बड़ी बेरहमी से कत्ल कर दिया। वह दो बार चाकू लेकर आंगन
में सो रही अपनी मां को मारने गया लेकिन मारने की वह हिम्मत नही जुटा
पाया। तीसरी बार उसने बड़ी बेरहमी से चाकू से वार कर अपनी वृद्ध मां का
खून कर दिया। पुलिस के अनुसार उसकी मां के नाम थोड़ी जमींन थी जिसे दिलीप
बेंचना चाहता था लेकिन मृतका इसके लिए राजी नही थी। इस बात को लेकर भी
मां बेटे में कई बार विवाद हो चुका था। दिलीप ने सोंचा था कि मां की
हत्या करने के बाद उसके विरोधी जेल चले जाएगे और पूर्व से चल रहे मुकदमें
में सुलह भी कर लेगे। मां की मौत के बाद जमींन भी उसके नाम आ जाएगी लेकिन
उसके सारे मंसूबे धरे रह गए। पुलिस अधीक्षक की पारखी नजरो से वह बच नही
सका। इस तरह कई बेगुनाह हत्या जैसे संगीन मामले में जेल जाने से बच गए।

Related

UP 7906150055484672799

Post a Comment

emo-but-icon

Recent

Comments

item