ईरान, बड़ी शक्तियों पर भरोसा नहीं करना चाहिए
https://husainijnp.blogspot.com/2016/09/blog-post_726.html
ईरान के राष्ट्रपति ने कहा है कि तकफ़ीरी आतंकवाद का जन्म, फ़िलिस्तीनियों के अधिकारों का हनन और विकासशील देशों में भुखमरी, हिंसा और हत्याओं से साबित होता है कि शांति एवं विकास के लिए बड़ी शक्तियों से कोई आशा नहीं करनी चाहिए।
राष्ट्रपति हसन रूहानी ने वेनेज़ुएला में आयोजित गुट निरपेक्ष आंदोलन के शिखर सम्मेलन में कहा, विश्व जानता है कि ईरान ने सबसे पहले सीरिया में तकफ़ीरी आतंकवाद के ख़तरे के प्रति चेतावनी दी थी और वह सीरिया और इराक़ में सबसे ख़ूंख़ार आतंकवादी गुटों के मुक़ाबले में डट गया।
ईरान के राष्ट्रपति का कहना था कि विश्व में मौजूद चुनौतियों के कारण, हमें फ़िलिस्तीन के मामले और अत्याचार ग्रस्त फ़िलिस्तीनी जनता को नहीं भूलना चाहिए, इसलिए कि फ़िलिस्तीनी जनता स्वदेश की वापसी और अपनी सरकार के गठन से वंचित हैं।
इसी प्रकार राष्ट्रपति रूहानी ने कहा, ईरान के परमाणु अधिकारों को औपचारिकता प्रदान करने में केवल इस देश का हित नहीं है, बल्कि अंतरराष्ट्रीय दबाव के सामने डटे रहकर ईरान ने अन्य देशों के शांतिपूर्ण परमाणु अधिकारों की रक्षा की है।

