
जौनपुर। महाराजगंज विकास खण्ड के दर्जनों गांव में कंडुआ रोग से धान की 80 प्रतिशत से अधिक फसल नष्ट हो चुकी है। केवटली निवासी रमेश चन्द्र की शिकायत पर विषयवस्तु विशेषज्ञ एवं कृषि विभाग के अधिकारियों ने फसलों के निरीक्षण के दौरान स्वीकार किया कि दवाओं का प्रयोग किये जाने के बावजूद 80 प्रतिशत से अधिक फसल कंडुआ रोग से बर्बाद हो चुकी है। मालूम हो कि केवटली, वजहां, डेल्हूपुर, बजहां, सरसरा, जन्नौर, गोठवा सहित अन्य गांवों में धान की बाली में पीले रंग का पाउडर पदार्थ चावल की जगह आ गया जिससे दानों में चावल की जगह पिला पाउडर दिखायी पड़ रहा है। वहीं दूसरी ओर तेज हवाओं से काफी फसल गिर चुकी है। केवटली निवासी रमेश चन्द्र की फसल का निरीक्षण करते हुये विषयवस्तु विशेषज्ञ सतई राम, एडियो कृषि सत्येन्द्र सिंह एवं प्राविधिक सहायकों की टीम ने स्वीकार किया पायनियर 27 पी 63 प्रजाति की फसल में इसका अधिक प्रकोप है। कापर आक्सीक्लोराइड प्रोपीकोनाजोल दवांओं का प्रयोग किये जाने के बावजूद फसलों को कोई फायदा नहीं हुआ। ऐसे में कृषि विशेषज्ञों ने किसानों को फसल बीमा का लाभ दिये जाने की सिफारिश की है। इस दौरान प्राविधिक सहायक देवराज सिंह, अच्छे लाल, आशीष मौर्य, सुनील कुमार, सहायक तकनीकी मैनेजर अरविंद कुमार, विजय कुमार, विनोद कुमार आदि उपस्थित रहे।